सर्विस सेक्टर में 3 महीने की सबसे अधिक तेजी,
मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर के रफ्तार पकड़ने के बाद अक्टूबर में सर्विस सेक्टर में भी तेजी आई है। अक्टूबर में निक्केई इंडिया का सर्विसेज बिजनेस एक्टिविटी इंडेक्स बढ़कर 52.2 हो गया। यह सितंबर में 50.09 पर था। जुलाई के बाद यह इस इंडेक्स में सबसे बड़ी तेजी है।
सितंबर में 51.6 पर था पीएमआई
लगातार पांचवें महीने सर्विसेज सेक्टर की गतिविधियां बढ़ी हैं। इस इंडेक्स का 50 से ऊपर पर रहना सेक्टर में गतिविधियां बढ़ने और 50 से कम रहना घटने का सूचक होता है। वहीं, मैन्युफैक्चरिंग और सर्विसेज दोनों सेक्टर की गतिविधियों को मापने वाला निक्केई इंडिया का कम्पोजिट पीएमआई अक्टूबर में 53 दर्ज हुआ है। यह भी जुलाई के बाद सबसे ज्यादा है। सितंबर में यह इंडेक्स 51.6 पर था।
आईएचएस मार्किट की प्रिंसिपल इकोनॉमिस्ट और रिपोर्ट की लेखिका पॉलियाना डि लीमा ने कहा, वित्त वर्ष 2018-19 की तीसरी तिमाही की शुरुआत से पहले पीएमआई सर्वे का स्कोर अर्थव्यवस्था के लिए बेहतर संकेत है। पिछले कुछ महीनों में महंगाई में नरमी आई है। इससे पहले गुरुवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक अक्टूबर में मैन्युफैक्चरिंग पीएमआई बढ़कर 53.1 दर्ज हुआ। यह सितंबर में 52.2 था। यह लगातार 15वें महीने 50 अंक के ऊपर रहा है।
मैन्युफैक्चरिंग और सर्विसेज सेक्टर में तेजी ऐसे समय दिखी है जब कारोबारी सुगमता के मामले में भारत की रैंकिंग में जबरदस्त उछाल आया है। वर्ल्ड बैंक की ईज ऑफ डूइंग बिजनेस रैंकिंग में भारत 23 पायदान की छलांग लगाकर 77वें स्थान पर आ गया है। 31 अक्टूबर को जारी वर्ल्ड बैंक की इस रैंकिंग में दुनिया के 190 देश शामिल हैं। पिछले साल भारत ने इसमें 30 पायदान की छलांग लगाकर 100वें स्थान पर जगह बनाई थी।
तेज प्रताप ऐश्वर्या के तलाक मामले ने छपरा लोकसभा सीट को लेकर राजद में पेंच फंसा दिया है। शादी के 6 महीने बाद ही तेज प्रताप ने राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री दारोगा राय की पोती ऐश्वर्या को तलाक की अर्जी थमा दी है। इसको लेकर पटना से लेकर दिल्ली तक राजनीतिक बवाल मचा हुआ है।
सीना ठोककर कह रहे तेज-तलाक लेकर रहेंगे
रांची जेल में सजा काट रहे और बिहार की राजनीति के दिग्गज लालू यादव की परेशानी से भी पूरा देश अवगत है। एक तरफ दारोगा राय के बेटे चंद्रिका राय, उनकी पत्नी पूर्णिमा राय और तेज प्रताप की पत्नी ऐश्वर्या राय लगातार लालू परिवार पर दबाव बनाए हुए हैं कि तेज प्रताप से तलाक की अर्जी वापस कराई जाए। वहीं दूसरी तरफ तेज प्रताप पटना से लेकर रांची तक जहां भी मीडिया से रू-ब-रू हो रहे हैं, सीना ठोककर कह रहे हैं कि तलाक लेकर ही रहेंगे।
छपरा लोकसभा सीट को लेकर है विवाद!
इस पूरी घटना पर राजद की राजनीतिक सूत्रों का मानना है कि ये पूरा विवाद छपरा लोकसभा सीट को लेकर खड़ा हुआ है। तेजस्वी ने भास्कर से बातचीत में स्पष्ट कहा था उनकी भाभी ऐश्वर्या छपरा लोकसभा सीट से चुनाव नहीं लड़ेंगी। भैया तेजप्रताप लड़ेंगे या मां राबड़ी, ये अभी उन्होंने तय नहीं किया है। इस बयान के बाद ऐश्वर्या के परिवार ने चंद्रिका राय का नाम छपरा लोकसभा सीट से लड़ने के लिए राजद नेतृत्व के सामने पेश किया। यहीं से विवाद शुरू हुआ।
1977 से छपरा सीट पर लालू परिवार का दबदबा
लालू यादव से पहले पूरे राज्य के यादवों के बड़े नेता दारोगा राय रहे हैं। वर्ष 1977 में पहली बार लालू यादव ने इस सीट पर कब्जा किया था। तब से उनकी सहमति से उनका परिवार या उनका शागिर्द ही इस सीट पर चुनाव लड़ता रहा है। लालू परिवार अपने राजनीतिक और सामाजिक फायदे के हिसाब से तय करता है कि छपरा से कौन चुनाव लड़ेगा। ऐसे में चंद्रिका राय का नाम सामने आने से लालू परिवार सशंकित हो गया कि फिर से छपरा की राजनीति में दारोगा राय का परिवार हावी होना चाहता है।
छपरा से पिता को चुनाव लड़वाना चाहती हैं ऐश्वर्या
सूत्रों के मुताबिक, ऐश्वर्या राय ने अपने पिता को चुनाव लड़वाने का दबाव पति तेज प्रताप यादव पर काफी तेज कर दिया था। इसलिए तेज प्रताप ने यह जानते हुए कि एक साल के अंदर तलाक नहीं हो सकता, जानबूझकर 6 महीने के बाद ही तलाक की अर्जी दायर की। उन्हें पता है कि उनकी इस अर्जी पर कोई सुनवाई नहीं होगी और इस पूरे विवाद में दारोगा राय परिवार का दबाव शून्य हो जाएगा।
सितंबर में 51.6 पर था पीएमआई
लगातार पांचवें महीने सर्विसेज सेक्टर की गतिविधियां बढ़ी हैं। इस इंडेक्स का 50 से ऊपर पर रहना सेक्टर में गतिविधियां बढ़ने और 50 से कम रहना घटने का सूचक होता है। वहीं, मैन्युफैक्चरिंग और सर्विसेज दोनों सेक्टर की गतिविधियों को मापने वाला निक्केई इंडिया का कम्पोजिट पीएमआई अक्टूबर में 53 दर्ज हुआ है। यह भी जुलाई के बाद सबसे ज्यादा है। सितंबर में यह इंडेक्स 51.6 पर था।
आईएचएस मार्किट की प्रिंसिपल इकोनॉमिस्ट और रिपोर्ट की लेखिका पॉलियाना डि लीमा ने कहा, वित्त वर्ष 2018-19 की तीसरी तिमाही की शुरुआत से पहले पीएमआई सर्वे का स्कोर अर्थव्यवस्था के लिए बेहतर संकेत है। पिछले कुछ महीनों में महंगाई में नरमी आई है। इससे पहले गुरुवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक अक्टूबर में मैन्युफैक्चरिंग पीएमआई बढ़कर 53.1 दर्ज हुआ। यह सितंबर में 52.2 था। यह लगातार 15वें महीने 50 अंक के ऊपर रहा है।
मैन्युफैक्चरिंग और सर्विसेज सेक्टर में तेजी ऐसे समय दिखी है जब कारोबारी सुगमता के मामले में भारत की रैंकिंग में जबरदस्त उछाल आया है। वर्ल्ड बैंक की ईज ऑफ डूइंग बिजनेस रैंकिंग में भारत 23 पायदान की छलांग लगाकर 77वें स्थान पर आ गया है। 31 अक्टूबर को जारी वर्ल्ड बैंक की इस रैंकिंग में दुनिया के 190 देश शामिल हैं। पिछले साल भारत ने इसमें 30 पायदान की छलांग लगाकर 100वें स्थान पर जगह बनाई थी।
तेज प्रताप ऐश्वर्या के तलाक मामले ने छपरा लोकसभा सीट को लेकर राजद में पेंच फंसा दिया है। शादी के 6 महीने बाद ही तेज प्रताप ने राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री दारोगा राय की पोती ऐश्वर्या को तलाक की अर्जी थमा दी है। इसको लेकर पटना से लेकर दिल्ली तक राजनीतिक बवाल मचा हुआ है।
सीना ठोककर कह रहे तेज-तलाक लेकर रहेंगे
रांची जेल में सजा काट रहे और बिहार की राजनीति के दिग्गज लालू यादव की परेशानी से भी पूरा देश अवगत है। एक तरफ दारोगा राय के बेटे चंद्रिका राय, उनकी पत्नी पूर्णिमा राय और तेज प्रताप की पत्नी ऐश्वर्या राय लगातार लालू परिवार पर दबाव बनाए हुए हैं कि तेज प्रताप से तलाक की अर्जी वापस कराई जाए। वहीं दूसरी तरफ तेज प्रताप पटना से लेकर रांची तक जहां भी मीडिया से रू-ब-रू हो रहे हैं, सीना ठोककर कह रहे हैं कि तलाक लेकर ही रहेंगे।
छपरा लोकसभा सीट को लेकर है विवाद!
इस पूरी घटना पर राजद की राजनीतिक सूत्रों का मानना है कि ये पूरा विवाद छपरा लोकसभा सीट को लेकर खड़ा हुआ है। तेजस्वी ने भास्कर से बातचीत में स्पष्ट कहा था उनकी भाभी ऐश्वर्या छपरा लोकसभा सीट से चुनाव नहीं लड़ेंगी। भैया तेजप्रताप लड़ेंगे या मां राबड़ी, ये अभी उन्होंने तय नहीं किया है। इस बयान के बाद ऐश्वर्या के परिवार ने चंद्रिका राय का नाम छपरा लोकसभा सीट से लड़ने के लिए राजद नेतृत्व के सामने पेश किया। यहीं से विवाद शुरू हुआ।
1977 से छपरा सीट पर लालू परिवार का दबदबा
लालू यादव से पहले पूरे राज्य के यादवों के बड़े नेता दारोगा राय रहे हैं। वर्ष 1977 में पहली बार लालू यादव ने इस सीट पर कब्जा किया था। तब से उनकी सहमति से उनका परिवार या उनका शागिर्द ही इस सीट पर चुनाव लड़ता रहा है। लालू परिवार अपने राजनीतिक और सामाजिक फायदे के हिसाब से तय करता है कि छपरा से कौन चुनाव लड़ेगा। ऐसे में चंद्रिका राय का नाम सामने आने से लालू परिवार सशंकित हो गया कि फिर से छपरा की राजनीति में दारोगा राय का परिवार हावी होना चाहता है।
छपरा से पिता को चुनाव लड़वाना चाहती हैं ऐश्वर्या
सूत्रों के मुताबिक, ऐश्वर्या राय ने अपने पिता को चुनाव लड़वाने का दबाव पति तेज प्रताप यादव पर काफी तेज कर दिया था। इसलिए तेज प्रताप ने यह जानते हुए कि एक साल के अंदर तलाक नहीं हो सकता, जानबूझकर 6 महीने के बाद ही तलाक की अर्जी दायर की। उन्हें पता है कि उनकी इस अर्जी पर कोई सुनवाई नहीं होगी और इस पूरे विवाद में दारोगा राय परिवार का दबाव शून्य हो जाएगा।
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